नई दिल्ली, 29 अगस्त (Udaipur Kiran) नीति आयोग के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) बी.वी. आर सुब्रह्मण्यम ने कहा कि भारत की विकास यात्रा अभूतपूर्व है, क्योंकि देश की अर्थव्यवस्था कम कार्बन उत्सर्जन और पर्यावरण अनुकूल रास्ते पर चलते हुए वृद्धि कर रही है।
नीति आयोग ने शुक्रवार को जारी एक बयान में बताया कि बी.वी. आर सुब्रह्मण्यम ने नीति आयोग, ऊर्जा, पर्यावरण एवं जल परिषद (सीईईडब्ल्यू) और सामाजिक एवं आर्थिक प्रगति केंद्र (सीएसईपी) की ओर से 28 अगस्त को नई दिल्ली में आयोजित एक कार्यशाला को संबोधित करते हुए यह बात कही।
सुब्रह्मण्यम ने कहा कि यह परिवर्तन ऊर्जा-प्रधान होगा, इसके बावजूद भारत एनडीसी (राष्ट्रीय स्तर पर निर्धारित योगदान) के अनुसार लगातार प्रगति कर रहा है और ‘मिशन लाइफ’ जैसी नीतियों को बढ़ावा दे रहा है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन भारत को गंभीर रूप से प्रभावित कर रहा है, क्योंकि कई बड़े उत्सर्जक अपने ऊर्जा परिवर्तन लक्ष्यों पर पर्याप्त तेजी से आगे नहीं बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि उत्सर्जन में कमी सबसे प्रमुख वैश्विक जिम्मेदारी बनी रहनी चाहिए, और भारत को इसके लिए कुछ नई तकनीकों का भी पता लगाना होगा, ताकि देश टिकाऊ वृद्धि की दिशा में आगे बढ़ सके।
इस कार्यक्रम में ऊर्जा, पर्यावरण और जल परिषद (सीईईडब्ल्यू) के संस्थापक-सीईओ अरुणाभ घोष ने कहा कि भारत को गैर-रेखीय तरीके से वृद्धि करनी होगी, यानी औद्योगिकीकरण को कम किए बिना कार्बन उत्सर्जन कम करना है।
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(Udaipur Kiran) / प्रजेश शंकर
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